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अखिलेश जी!आज दांडी मार्च है,प्रॉपर्टीटैक्स के कालेकानून को तोड़ने को भी मार्च कराएं

अखिलेश जी!आज दांडी मार्च है,प्रॉपर्टीटैक्स के कालेकानून को तोड़ने को भी मार्च कराएं
आदरणीय मुख्यमंत्री अखिलेश यादवजी!
आज बारह मार्च है
वर्ष १९३० के आज ही के दिन
महात्मा मोहन दास करम चद गांधी ने अंग्रेजों के काले नमक
कानून के खिलाफ दांडी मार्च निकाला था जिसने भारतियों की सोच को नई दिशा प्रदान की और
नए इतिहास की रचना की | दुर्भाग्य से ८६ साल बाद भी अनेकों काले कानून प्रचलन में हैं और आम जनता की
कमर तोड़ रहे हैं |ऐसा ही एक कालाकानून हाउस टैक्स या प्रॉपर्टी टैक्स भी है जिसे अनाप शनाप थोप कर आम जनता में
अनावश्यक आक्रोश पैदा किया जा रहा है|

अखिलेश जी!आज दांडी मार्च है,प्रॉपर्टीटैक्स के कालेकानून को तोड़ने को भी मार्च कराएं

अखिलेश जी!आज दांडी मार्च है,प्रॉपर्टीटैक्स के कालेकानून को तोड़ने को भी मार्च कराएं

नॉन परफार्मिंग अपर क्लास को एक मुश्त सेटलमेंट और लोअर क्लास से तो लेने के बजाय और दिया जाना सियासी मजबूरी बन चुकी है ऐसे में शहरी लोअर मिडिल क्लास के लिए कुतर्की प्रॉपर्टी टैक्स के नाम पर प्रताड़ना को अनुचित ही कहा जाएगा
इस काले टैक्स की कोई अपील + कोई दलील की सुनवाई ही नहीं हो रही है|
सम्भवत करोड़ों अरबों के घोटाले करने वाले नगर निगम अपने कागजों में केवल अपनी लेनदारी बढ़ा कर दिखाने के लिए ही
यह गोरख धंदा जिन्दा रखे हुए हैं |
सुविधाओं के नाम पर शून्य लेकिन अनाप शनाप टैक्स पानी की सप्लाई नही मगर पानी के लिए ८% टैक्स +फिर उस पर पेनल्टी दर पेनल्टी का पसंदीदा खेल चल रहा है |
आज कल अधिकांश बैंक अपने नॉन परफार्मिंग खाते धारकों के लिए भी एक मुश्त सेटलमेंट की योजनाएं ला रहे हैं|करोड़ों डकारने वालों को भी यह सुनहरा अवसर प्रदान किया जा रहा है |इधर लोन लेकर अपन घर बनाने वाले ईमानदारी से हाउस टैक्स देने को तैयार हैं
ईमानदारी से टैक्स देने वाले मिडिल क्लास के लिए भी कोई वन टाइम सेटलमेंट योजना लाइ जानी चहिये
यहां यह कहना तर्क संगत ही होगा के नॉन परफार्मिंग अपर क्लास को एक मुश्त सेटलमेंट और लोअर क्लास से तो लेने के बजाय और दिया जाना सियासी मजबूरी बन चुकी है |ऐसे में शहरी लोअर मिडिल क्लास के लिए प्रॉपर्टी टैक्स के नाम पर प्रताड़ना को अनुचित ही कहा जाएगा |
इसीलिए आपसे अपेक्षा है की आप राजनितिक निर्णय लेकर ऐसे काले कानूनों की सफाई को भी मार्च करें |
जिसकी शुरुआत काले हाउस टैक्स +प्रॉपर्टी टैक्स से की जा सकती है