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Tag: PChidambram

कांग्रेस राज में ही सरकारी स्टाफ की कटौती शुरू कर दी गई थी[व्यंग]

झल्ले दी झल्लियाँ गल्लां

कांग्रेसी चीयर लीडर

औए झल्लेया! इस सरकार में ये कया हो रहा है? युवाओं को नौकरियां नहीं मिल रही है और ये हुकुमरान अपने सीने का विकास दिखते फिर रहे हैं \औए आज तो हसाड़े पी चिदंरम साहिब ने भी लेख लिख कर इनके विकास की पोल खोल कर रख दी है

झल्ला

मेरे चतुर सुजान !ये तो सत्य है आजकल सरकारी नौकरियों का अकाल है और जो नौकरियां निकलती भी हैं उनके पेपर पहले ही लीक हो जाते हैं लेकिन झललेविचारअनुसार कांग्रेस की सरकार में ही सरकारी दफ्तरों से स्टाफ की कटौती शुरू कर दी गई थी |बढे ऑफिसर्स के बजट के लिए सेविंग एंड मैचिंग की योजना के अंतर्गत सी और डी कर्मियों की संख्या पर कैंची चलाई गई

कांग्रेस को उसके खासुलखास ही क्यूँ तलाक देने पर हुए उतारू ?

Congress[नई दिल्ली]कांग्रेस को उसके खासुलखास ही क्यूँ तलाक देने पर हुए उतारू ?यह यक्ष प्रश्न आज सर्वत्र उत्तर तलाश रहा है
क्या यह नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता के सामने कांग्रेस का बौनापण है?या फिर कांग्रेस लीडरशिप की कोई आत्मघाती नीति”
लगता है के हिंचकोले खाती कांग्रेस को डूबता हुआ जहाज मान लिया गया है तभी इसके खासुलखास सिपहसलार एकएक कर के किनारा करने में लगे हैं और तात्कालिक लाभ केप्रेम पींगें बढ़ाने में लगे हैं|
छत्तीस गढ़ में अजित जोगी की बगावत अभी सम्भली नहीं थी के अब महाराष्ट्र में पूर्व केंद्रीय मंत्री और कांग्रेस प्रधान रहे गुरुदास कामत ने “रायता” फैला दिया ।जोगी ने कांग्रेस छोड़ कर अपनी पार्टी बनाई तो कामत ने राजनीती से ही सन्यास [फिलहाल]ले लिया।यूपी में बेनी प्रसाद वर्मा पहले ही गुठलियां फैंक कर सपाई आमों की तरफ लपक चुके हैं।पांजब में भी कप्तान अमरिंदर सिंह लगातार अपनों का विरोध झेल रहे हैं
उत्तराखंड के असंतुष्ट विधायकों के दंश से मुख्य मंत्री हरीश रावत पूरी तरह बाहर नही निकल पाये हैं ।
अरुणाचल प्रदेश की बगावत की कहानी अभी सभी की जुबान पर चढ़ी हुई है ।ऐसा क्या हो गया के अपने प्रिय नेतागण ही कांग्रेस को तलाक देने पर उतारू हो गए ?
[१] राहुल गांधी की लगातार असफलता
कांग्रेस को एक के बाद एक प्रदेश में हार का मुंह देखना पढ़ा है।यहां तक के बिहार जैसे प्रदेश में भी विशाल+ऐतिहासिक कांग्रेस छोटे सहयोगी के स्तर पर सिमट चुकी है
[२]स्थानीय नरेतत्व की उपेक्षा
लोक सभा चुनाव हारे हुए बढे नेताओं को दूसरे सुरक्षित राज्यों से राज्य सभा में लाया जा रहा है ।पूर्व केंद्रीय वित्त मंत्री पी चिदंबरम इसका जीता जागता उदारहण है चिदंबरम को साउथ से महाराष्ट्र लाकर राज्य सभा में निर्विरोध भेजा गया
[३ ]स्थानीय चुनावों में स्थानीय बड़ों की उपेक्षा
कहीं न कहीं स्थानीय नेताओं को आंकने में कमी हुई है जिसके परिणाम स्वरुप बगावतें हो रही है
पुराने नेतागण जो कभी राजीव गांधी और इंदिरा गांधी के करीब माने जाते थेऔर सोनिया गांधी के भी कृपा पात्र बने हुए थे उन्हें राहुल गांधी के आने से अपां सिंहासन डोलता दिख रहा है। कामत इसका जीता जागता प्रमाण है

Prabhu From Andhra And Chidambaram From Maha Confirmed Berth For RS

[VijayVada,Mumbai]Prabhu From Andhra And Chidambaram From Maha Confirmed Berth For Rajya Sabha
Railway Minister Suresh Prabhakar Prabhu, Union Minister of State for Science and Technology Y Satyanarayana Chowdary have been elected unanimously to Rajya Sabha from Andhra Pradesh.
Two other candidates T G Venkatesh and V Vijaysai Reddy have also been elected unopposed in the biennial election to the Council of States.
Election Returning Officer and AP Legislature Secretary (in charge) K Satyanarayana Rao formally declared the four nominees elected unopposed as the process for withdrawal ended at 3 PM today.
V Sunanda Reddy, who filed nomination as a dummy candidate on behalf of the YSR Congress, withdrew her papers yesterday, paving the way for the unanimous election of the four main candidates.
Prabhu is a BJP nominee supported by the ruling Telugu Desam Party (TDP).
Chowdary and Venkatesh are TDP candidates, while Vijaysai is the lone opposition YSRC nominee
BJP’s Goyal And Congress’s Upper Leader Chidambaram are elected to Rajya Sabha from Maha
Union Power Minister Piyush Goyal and senior Congress leader and former finance minister P Chidambaram were today elected unopposed to Rajya Sabha from Maharashtra.
The deadline for withdrawal of nominations ended this afternoon. As none of the six candidates for as many RS seats pulled out, all were elected to the Upper House,
Others elected are
former union minister Praful Patel (NCP),
BJP’s Vinay Sahasrabuddhe and
Vikas Mahatme and
Shiv Sena’s Sanjay Raut,
who had filed their papers for the biennial elections.
Chidambaram did not contest the 2014 Lok Sabha polls while his son Karti had unsuccessfully fought from his native Sivaganga constituency in Tamil Nadu.
Meanwhile, 10 candidates, including former Maharashtra Chief Minister Narayan Rane, who had filed nomination papers for 10 seats of the Legislative Council, were also elected unopposed as two others withdrew from the fray.
Those who pulled out today were Prasad Lad and Manoj Kotak, both from BJP.

Cong Leader Chidambaram Rattles Over Ally DMK For Less Seats

[Pudukottai,TN] Congress Senior Leader Chidambaram Rattles Over Seat Sharing With DMK
Senior Congress leader P Chidambaram today expressed dissatisfaction over seat-sharing arrangement with ally DMK, saying his party has been allotted “seats which we do not need”.
As per Ex FM ,Congress is allotted only 41 seats to contest. in these 41 seats, many seats are not desired by Cong.
Addressing a party meeting he said “We do not know whether they (Congress leadership) will field candidates as per our wish. But, we cannot neglect (contesting polls) it just by saying we are not happy,”
After much deliberations, Congress and DMK had arrived at their seat-sharing formula on April 4, for the May 16 polls with the national party being allotted 41 constituencies.
A well-known local Congress leader, M Jothimani, had earlier publicly expressed dissatisfaction over Aravakurichi in Karur being allotted to DMK

कार्त्ति और वढेरा के सर पर बड़ों का हाथ होने पर ही इनका विशाल साम्राज्य खड़ा हुआ होगा

झल्ले दी झल्लियां गल्लां

कांग्रेसी चीयर लीडर

ओये झल्लेया ये मोदी सरकार कितना नीचे गिर गई |ओये पहले सोनिया जी के दामाद होने के कारण वढेरा जी के पीछे पढ़े रहे और अब हसाडे वित्त मंत्री रहे पी चिदंबरम साहिब के बेटे कार्त्ति के पीछे पढ़ गए हैं|ओये हसाडे नेताओं के बच्चों के पीछे बिना सोचे समझे बिना किसी सबूत के पड़ना कहाँ की ?राजनीती है|

झल्ला

ओ मेरे चतुर सुजान जी! कार्त्ति और वढेरा के सर पर बड़ों का हाथ होने पर ही इनका विशाल साम्राज्य खड़ा हुआ होगा
रोबर्ट वढेरा और कार्त्ति साहिब ने अपने अपने बुजुर्गों के हाथों के बदौलत ही एम्पायर खड़ी की है ऐसे में स्वाभविक रूप से आंच तो उन पर भी आएगी ही |

कांग्रेस को लोस में झटका:एयरसेल मैक्सिस भ्रष्टाचार पर चर्चा शुरू:निशाने पर चिदंबरम

[नई दिल्ली]कांग्रेस को लोक सभा में झटका : एयरसेल मैक्सिस सौदे में भ्रष्टाचार पर चर्चा शुरू :निशाने पर पी चिदंबरम
लोक सभा स्पीकर ने आज कांग्रेस और उसकी सहायक दलों के विरोध के बावजूद एयरसेल मैक्सिस सौदे में भ्रष्टाचार पर चर्चास्वीकार करके चर्चा शुरू कराइ +नोटिस देने वाले महताब जी ने चर्चा शुरू करते हुए कांग्रेस और भाजपा में मैच फिक्सिंग के भी आरोप लगाये|
अन्नाद्रमुक सदस्यों ने पूर्व वित्त मंत्री के बेटे कार्ति के खिलाफ एयरसेल मैक्सिस सौदे में भ्रष्टाचार के जरिए करोड़ों डालर कमाने का आरोप लगाते हुए इस मामले में दोनों सदनों में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के बयान की मांग की। सरकार ने हालांकि इससे पल्ला झाड़ते हुए अन्नाद्रमुक के इन आरोपों से पूरी तरह इंकार किया कि वह किसी को बचा रही है।
सरकार की तरफ से बीते दिन राजीव प्रताप रूडी और आज मुख़्तार अब्बास नकवी द्वारा बारबार यह कहा जाता रहा के अन्नाद्रमुक सदस्य उचित नियम के तहत प्रस्ताव दें तो सरकार इस मुद्दे पर सदन में चर्चा कराने को तैयार है।
कांग्रेस के अनुसार यह मामला उच्चतम न्यायालय के विचाराधीन है और जांच जारी है इसीलिए चर्चा नहीं कराइ जानी चाहिए
इससे पूर्व अन्नाद्रमुक ने यह मामला उठाते हुए आरोप लगाया है कि पूर्व केंद्रीय वित्त मंत्री के कार्यकाल में उनके बेटे ने इस करार में भ्रष्टाचार के जरिए करोड़ों रूपये कमाए हैं। और विदेशों में निवेश किया है |
वेणुगोपाल ने कहा कि प्रवर्तन निदेशालय ने दिसंबर 2015 में पूर्व वित्त मंत्री के बेटे से कथित रूप से जुड़ी कंपनियों के चेन्नई स्थित परिसरों पर छापे मारे थे और इन छापों से यह सबूत मिले थे कि एयरसेल. मैक्सिस सौदे में कथित रूप से शामिल रही कंपनी के जरिए पूर्व वित्त मंत्री के बेटे ने दुनियाभर में अपने लिए साम्राज्य खड़ा किया।
राज्य सभा में अन्नाद्रमुक सदस्य हाथों में एक समाचारपत्र की प्रतियां भी लिए खड़े थे

राज्य सभा में बढे आज भी भिड़े :कार्यवाही १२ बजे तक के लिए स्थगित

[नयी दिल्ली]राज्य सभा में बढे आज भी भिड़े :कार्यवाही फिर स्थगित |तमिल नाडु की मुख्य मंत्री जयललिथा के सांसदों ने आज भी वेल में जाकर जम कर नारे बाजी की और पूर्व केंद्रीय मंत्री पी चिदंबरम के पुत्र कार्ति के विरुद्ध कार्यवाही की मांग की जिससे क्षुब्ध कांग्रेस ने गुजरात की मुख्य मंत्री आनंदीबेन की पुत्री को जमीन आवंटन का मुद्दा उछाल कर स्कोर बराबरी का प्रयास किया |आश्चर्यजनक रूप से केंद्र सरकार द्वारा चर्चा कराये जाने को स्वीकार किये जाने पर भी कांग्रेस और अन्नाद्रमुक के सदस्य केवल शोर ही करते रहे| सभा की कार्यवाही बढ़ बजे तक नही चली |
कार्ति को लेकर अन्नाद्रमुक लगातार पीएम के बयान की मांग करती रही |
पूर्व केंद्रीय मंत्री पी चिदम्बरम के पुत्र से जुड़े कथित भ्रष्टाचार के मामले में अन्नाद्रमुक ने आज लोकसभा की कार्यवाही नहीं चलने दी और पार्टी सदस्यों द्वारा किए गए भारी हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही बारह बजे तक के लिए स्थगित रही
अन्नाद्रमुक सदस्यों ने पूर्व वित्त मंत्री के बेटे कार्ति के खिलाफ एयरसेल मैक्सिस सौदे में भ्रष्टाचार के जरिए करोड़ों डालर कमाने का आरोप लगाते हुए इस मामले में सदन में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के बयान की मांग की। सरकार ने हालांकि इससे पल्ला झाड़ते हुए अन्नाद्रमुक के इन आरोपों से पूरी तरह इंकार किया कि वह किसी को बचा रही है।
सरकार की तरफ से बीते दिन राजीव प्रताप रूडी और आज मुख़्तार अब्बास नकवी द्वारा बारबार यह कहा जाता रहा के अन्नाद्रमुक सदस्य उचित नियम के तहत प्रस्ताव दें तो सरकार इस मुद्दे पर सदन में चर्चा कराने को तैयार है।
उन्होंने साथ ही कहा कि यह मामला उच्चतम न्यायालय के विचाराधीन है और जांच जारी है। उन्होंने साथ ही कहा कि सरकार किसी को नहीं बचा रही है और कोई कानून से उपर नहीं है। उन्होंने इन आरोपों को गलत बताया कि राजग सरकार को मामले की जानकारी नहीं है
इससे पूर्व अन्नाद्रमुक के वरिष्ठ सदस्य पी वेणुगोपाल ने यह मामला उठाते हुए आरोप लगाया है कि पूर्व केंद्रीय वित्त मंत्री के बेटे ने इस करार में भ्रष्टाचार के जरिए करोड़ों रूपये कमाए हैं। और विदेशों में निवेश किया है |उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री को सदन में आकर इस पर बयान देना चाहिए।
वेणुगोपाल ने कहा कि प्रवर्तन निदेशालय ने दिसंबर 2015 में पूर्व वित्त मंत्री के बेटे से कथित रूप से जुड़ी कंपनियों के चेन्नई स्थित परिसरों पर छापे मारे थे और इन छापों से यह सबूत मिले थे कि एयरसेल. मैक्सिस सौदे में कथित रूप से शामिल रही कंपनी के जरिए पूर्व वित्त मंत्री के बेटे ने दुनियाभर में अपने लिए साम्राज्य खड़ा किया।
अन्नाद्रमुक सदस्य हाथों में एक समाचारपत्र की प्रतियां भी लिए खड़े थे।

सुषमा ने कांग्रेस के७सवालों का प्रभावीढंग से जवाबदिया,ललितमोदी काण्ड में कांग्रेस को ही कठघरे में खड़ा किया

[New Delhi]भाजपा नेत्री सुषमा ने आज प्रभावी ढंग से प्रश्न दर प्रश्न ना केवल अपना बचाव किया वरन ललित मोदी काण्ड में कांग्रेस को ही कठघरे में खड़ा कर दिया|कांग्रेस के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा लाये गए स्थगन प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान विदेश मंत्री श्रीमती सुषमा स्वराज ने पहले प्रश्न पढ़े फिर उनके उत्तर दिए और फिर उसके पश्चात उन्ही सातों प्रश्नों को कांग्रेस की तरफ मोड़ते हुए अनेक तथ्य भी प्रस्तुत किये |सुषमा की बगल में मोरल सपोर्ट के लिए पूर्व उप प्रधान मंत्री वयोवृद्ध लाल कृष्ण अडवाणी बैठे थे जिन्होंने अंत में उनकी पीठ भी थपथपाई इसके अलावा वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कानूनी पचड़ों पर कमान संभाली हुई थी|सुषमा स्वराज ने बोफोर्स के ओट्टाविओ क्वात्रोची+भोपाल गैस त्रासदी के वारेन एंडरसन को देश से भागने के लिए राजीव गांधी की सरकर को दोषी बताया और ललित मोदी को विदेश भागने में भी कांग्रेस का हाथ साबित किया |सुषमा ने कांग्रेस के उपाध्यक्ष राहुल गांधी पर व्यंग फैंकते हुए कहा कि उन्हें अपनी मॉम[सोनिआ] से पूछना चाहिए कि क्वात्रोची +एंडरसन ने उन्हें कितने पैसे दिए| गौरतलब है कि बीते दिनों राहुल ने मीडिया के माध्यम से सुषमा से पुछा था कि ललित मोदी से सुषमा के परिवार ने कितने पैसे लिएउन्होंने पी चिदंबरम और उनकी पत्नी को भी कटघरे में खड़ा किया

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आईपीएल मुग़ल लमो को भारत ला कर ठोकने के इच्छुक चिदंबरम भूल गए कि अब यहां उनकी सरकार नहीं है

झल्ले दी झल्लियां गल्लाँ

कांग्रेसी चीयर लीडर

ओये झल्लेया ये क्या हो रहा है ?ओये इन भाजपाइयों ने अपने असली दांत दिखा ही दिए | आईपीएल क्रिकेट से ब्लैक मनी के सिरताज बने ललित मोदी को भारत लाने के बजाय ब्रिटेन में ही ट्रेवल वीजा दिलवा कर उसकी मदद की जा रही है |ओये हसाडे पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम साहब ने भी फरमा दिया है कि ललित मोदी को धनशोधन समेत सभी आरोपों का सामना करने के लिए भारत लौटना चाहिए

झल्ला

ओ मेरे चतुर सुजान बेशक ये पुरानी कहावत है कि अपनी गली में तो चूहा भी शेर होता है शायद इसी लिए आप अपने पुराने शत्रु को भारत ला कर ठोकना चाह रहे हैं मगर आप शायद ये भूल गए कि भारत में अब आपकी सरकार नहीं रही

सोनिया गांधी की लम्बी सियासी पारी से ऊबे चिदंबरम के उकसावे में आने वाले भोले कांग्रेसी जल्द नपेंगे

झल्ले दी झल्लियां गल्लाँ

कांग्रेसी चीयर लीडर

ओये झल्लेया लोक सभा के चुनावों में हुई हद[Limit] अब हरियाणा + महाराष्ट्र के चुनावो से वद[excess ] हो गई है|अब और इंसल्ट बर्दाश्त नहीं हो रही |ये सोनिया जी और राहुल जी कुछ मन मोहन सिंह की तरह जुबान बंद किये हुए हैं और प्रियंका जी को आने नहीं दे रहे एस एकैसे काम चलेगा |भाई झाड़खंड +जम्मू कश्मीर के चुनावो से पहले कांग्रेस का नेता बदल ही जाना चाहिए वरना समझो हसाड़ी ऐतिहासिक कांग्रेस गई पानी में|ओये हसाडे पी चिदंबरम साहब ने भी गांधी नेहरू परिवार से जान छुड़ाने का संकेत दे दिया है अब तो यारा लीडरशिप बदल ही जानी चाहिए

झल्ला

ओ मेरे चतुर सुजान मुग़ल इतिहास का लो संज्ञान |मुग़ल बादशाहों के लम्बे तख्त प्रेम ने उनके अपने पुत्रों को ही अपने पिता के तख्त के खिलाफ बगावत को मजबूर कर दिया था जिसे पढ़ कर नरेंद्र मोदी ने तो फॉलो कर लिया लेकिन आप जी की कांग्रेस न्रेतत्व ने यह पाठ नहीं पढ़ा है मगर झल्लेविचारानुसार आपजी की वर्तमान बचीखुची कांग्रेस टिकी ही इन दो नेताओं के बल पर है इसीलिए पी चिदंबरम के उकसावे में एक दो बगावती स्वर उभर सकते हैं इन्हें तख्त भक्त आसानी से निबटा देंगे