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Category: Judiciary

Airtel Paid ₹ 10,K Cr to Telecom Deptt Towards Statutory Dues

(New Delhi) Bharti Airtel Paid ₹ 10,K Cr to Telecom Deptt Towards Statutory Dues
fter Supreme Court rap and the government’s stringent deadline, Bharti Airtel on Monday said it has paid Rs 10,000 crore to the telecom department towards statutory dues.
The company said it will make payment of the balance amount after self assessment exercise.
“The…total amount of Rs 10,000 crore has been paid on behalf of Bharti Airtel, Bharti Hexacom, and Telenor.
The company said it will also submit supporting details at the time of making balance payment.
The telecom department on February 14 began issuing orders asking firms such as Bharti Airtel and Vodafone Idea to clear past dues immediately.
The DoT, which faced the ire of the Supreme Court for putting on hold recovery of dues from telecom companies, had started issuing circle or zone-wise demand notices to the firms.
Airtel had previously responded to DoT order by offering to pay Rs 10,000 crore by February 20 and the remaining before March 17. Airtel owes nearly Rs 35,586 crore, including licence fee and spectrum usage charge, to the government.

उम्मीदवारों के आपराधिक ब्यौरे सियासी दलों की वेबसाइट पर हों:सुप्रीम कोर्ट

(नई दिल्ली)उम्मीदवारों के आपराधिक ब्यौरे सियासी दलों की वेबसाइट पर हों:सुप्रीम कोर्ट
उच्चतम न्यायालय ने बृहस्पतिवार को सभी सियासी दलों को निर्देश दिया कि वे चुनाव लड़ रहे अपने उम्मीदवारों के खिलाफ लंबित आपराधिक मामलों का ब्यौरा अपनी वेबसाइट पर अपलोड करें ।
अब बताना होगा कि पार्टी ने ऐसे उम्मीदवार को ही क्यों चुनें जिनके खिलाफ आपराधिक मामले लंबित हैं।
न्यायालय ने एक अवमानना याचिका पर यह आदेश पारित किया। उस याचिका में राजनीति के अपराधीकरण का मुद्दा उठाते हुए दावा किया गया था कि सितंबर 2018 में आए शीर्ष अदालत के निर्देश का पालन नहीं किया जा रहा है जिसमें सियासी दलों से अपने उम्मीदवारों के आपराधिक रिकॉर्ड का खुलासा करने को कहा गया था।
न्यायमूर्ति रोहिन्टन फली नरीमन की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि सियासी दल उम्मीदवारों के खिलाफ लंबित आपराधिक मामलों की विस्तृत जानकारी फेसबुक और ट्विटर जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म, क्षेत्रीय भाषा के एक अखबार और एक राष्ट्रीय अखबार में प्रकाशित करवाएं।
न्यायालय ने कहा कि सियासी दलों को ऐसे उम्मीदवार को चुनने के 72 घंटे के भीतर चुनाव आयोग को अनुपालन रिपोर्ट देनी होगी जिसके खिलाफ आपराधिक मामले लंबित हैं। साथ ही न्यायालय ने यह भी कहा कि जिन उम्मीदवारों के खिलाफ आपराधिक मामले लंबित हैं उनके बारे में अगर राजनीतिक दल न्यायालय की व्यवस्था का पालन करने में असफल रहते हैं तो चुनाव आयोग इसे शीर्ष अदालत के संज्ञान में लाए।
उच्चतम न्यायालय ने कहा कि प्रतीत होता है कि बीते चार आम चुनाव से राजनीति में अपराधीकरण तेजी से बढ़ा है।

लखनऊ की कचहरी में देसी बमों से वकील पर हमला

(लखनऊ,यूपी)लखनऊ की कचहरी में देसी बमों से वकील पर हमला
उत्तर प्रदेश की राजधानी में घटी इस वारदात में तीन अधिवक्ता जख्मी हुए हैं।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि कचहरी परिसर में कुछ लोगों ने लखनऊ बार एसोसिएशन के संयुक्त सचिव संजीव लोधी पर बमों से हमला किया। उनमें से एक बम फटा जबकि बाकी दो में धमाका नहीं हुआ।
वकील संजीव लोधी के अनुसार उन्होंने कुछ न्यायिक अधिकारियों की उच्चाधिकारियों से शिकायत की थी जिसे लेकर लखनऊ बार एसोसिएशन के महामंत्री जीतू यादव, सुधीर यादव और अन्नू यादव उन्हें शिकायत वापस लेने की धमकी दे रहे थे। उन्होंने कहा ‘‘ये लोग उन न्यायिक अधिकारियों के करीबी हैं।’’ लोधी का आरोप है कि गुरुवार को एजाज और आजम तथा करीब 10 अन्य लोग आये और उन पर बम से हमला कर दिया। उनमें से एक बम फटा, बाकी दो नहीं फटे। वारदात के बाद हमलावर असलहा लहराते हुए भाग गये।
उन्होंने बताया कि उनके साथ—साथ वकील श्यामसुंदर और प्रमोद लोधी को भी मामूली चोटें आयी हैं।
लोधी ने कचहरी परिसर की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करते हुए सुरक्षा मांग की।
प्रदेश के अदालत परिसरों में हमले की घटनाएं हाल में बढ़ी हैं। गत 17 दिसम्बर को बिजनौर की मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की भरी अदालत में बदमाशों ने गोलीबारी करके एक व्यक्ति की हत्या कर दी थी और दो पुलिसकर्मियों को घायल कर दिया था।
इसके पूर्व, सात जनवरी को लखनऊ में वकील शेखर त्रिपाठी को कुछ लोगों ने लाठी—डंडों से पीट—पीटकर मार डाला था।

J&K Rested Control of 2.5 Acre Land in Pb’s Amritsar

(Jammu) J&K Rested Control of 2.5 Acre Land in Pb’s Amritsar
The Jammu and Kashmir administration has wrested control of a prized piece of land in Punjab’s Amritsar city which was under illegal occupation for nearly 56 years, an official spokesman said on Wednesday.
The Resident Commission of the Jammu and Kashmir government took over the possession of 20 kanals (2.5 acre) of land, situated at Daim Gunj, Dhapai Road, Amritsar, on Monday, the spokesman said.
Land had been under illegal occupation since 1964.
A decree in the case was instituted in 2006 by Jammu and Kashmir government but the execution petition was initiated in 2017 only which was fast-tracked and followed vigorously during the last one and a half years,

212 Buses Challaned For Unhealthy Practices in Punjab

(Chd,Pb) 212 Buses Challaned For Unhealthy Practices in Punjab
On the directives of Punjab Chief Minister Captain Amarinder Singh, the State Transport Department undertook a 5-day special drive to curb the use video/audio clips glorifying drug and gun culture in buses plying across the state.
Special drive was launched from 7th to 11th February, 2020, during which all the Regional Transport Authorities (RTAs) held meetings with transporters, sensitizing them about the ill-effects of playing obscene/vulgar songs on the psyche of youngsters
During the drive 509 buses were checked, of which 212 were found violating such norms and challaned.
Notably, the Punjab Police recently booked Punjabi singers Shubhdeep Singh Sidhu (Sidhu Moose Wala) and Mankirat Aulakh for propagating violence through a video clip uploaded on social media. Likewise, showing zero tolerance against films instigating youngsters to take up arms and disturb peace and harmony,
Capt. Amarinder also ordered ban on the screening of movie ‘Shooter’ which is based on the life of the notorious gangster Sukha Kahlwan. Subsequently, the Punjab Police also registered a case against producer/promoter KV Singh Dhillon and others for allegedly promoting violence, heinous crimes, gangsterism, drugs extortion, threats and criminal intimidation

दिल्ली पुलिस ने भगोड़े देश द्रोही शरजील इमाम को बिहार से गिरफ्तार किया

(नयी दिल्ली)दिल्ली पुलिस ने भगोड़े देश द्रोही शरजील इमाम को बिहार से गिरफ्तार किया
दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने मंगलवार को जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय के छात्र शरजील इमाम को बिहार के जहानाबाद से गिरफ्तार कर लिया जिस पर देशद्रोह के मामले दर्ज किये गये हैं।
आई आई टी से स्नातक और अब जेएनयू के इतिहास अध्ययन केंद्र में अध्ययनरत पीएचडी छात्र शरजील पर नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ प्रदर्शनों के दौरान कथित भड़काऊ भाषण देने के मामले में कई राज्यों में देशद्रोह के मामले दर्ज किये गये हैं।
अपराध शाखा के पुलिस उपायुक्त राजेश देव के अनुसार शरजील इमाम को जहानाबाद से गिरफ्तार कर लिया है।’’
पुलिस ने बिहार निवासी इमाम का पता लगाने के लिए पांच दलों को तैनात किया था। उसे पकड़ने के लिए मुंबई, पटना और दिल्ली में छापे मारे गये।शरजील के साथ ही उसकी माँ और दो भाइयों को भी हिरासत में लेकर पूछताछ जारी है

१५४ प्रबुद्ध नागरिकों ने राष्ट्रपति के समक्ष सीएए के विरोधियों से सुरक्षा की मांग की

(नयी दिल्ली)१५४ प्रबुद्ध नागरिकों ने राष्ट्रपति के समक्ष सीएए के विरोधियों से सुरक्षा की मांग की
केन्द्रीय प्रशासनिक अधिकरण के अध्यक्ष और सिक्किम उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश प्रमोद कोहली के नेतृत्व में एक शिष्टमंडल ने शुक्रवार को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से मुलाकात की और आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक तत्व संशोधित नागरिकता कानून के खिलाफ हिंसक प्रदर्शनकारियों को प्रश्रय दे रहे हैं और इस अशांति का ‘बाहरी आयाम’ भी है।१५४ बुद्धिजीवियों ने इन्हें समर्थन दिया है
उन्होंने हालांकि संशोधित नागरिकता कानून, राष्ट्रीय जनसंख्या पंजी और राष्ट्रीय नागरिक पंजी के खिलाफ प्रदर्शन भड़काने को लेकर किसी दल या व्यक्ति का नाम नहीं दिया।
प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि ‘द्वेषपूर्ण’ माहौल पैदा करने के लिए कुछ संगठनों की समाज में विभाजन पैदा करने की हरकत से वह चिंतिंत है। उसने कहा कि यदि आंदोलन शांतिपूर्ण रहता है और लोगों को असुविधा नहीं होती है, तो उसे इस आंदोलन से कोई एतराज नहीं है।
प्रतिनिधिमंडल ने राष्ट्रपति को एक ज्ञापन सौंपा जिसमें उच्च न्यायालयों के 11 पूर्व न्यायाधीश, आईएएस, आईपीएस, आईएफएस और पूर्व राजनयिक समेत 72 पूर्व नौकरशाहों , 56 शीर्ष पूर्व रक्षा अधिकारियों, बुद्धिजीवियों, अकादमिक विद्वानों और चिकित्सा पेशेवरों के हस्ताक्षर हैं।
ज्ञापन में कहा गया है कि प्रबुद्ध नागरिक चाहते हैं कि केंद्र पूरी गंभीरता से इस मामले पर गौर करे और देश के लोकतांत्रिक संस्थानों की रक्षा करे एवं ऐसी ताकतों के खिलाफ कार्रवाई करे।

पटवारखानों में दफन शत्रुसम्पत्ति भी नीलामी में शामिल हो

पटवारखानों में दफन शत्रुसम्पत्ति भी नीलामी में शामिल हो

पटवारखानों में दफन शत्रुसम्पत्ति भी नीलामी में शामिल हो

(नईदिल्ली)पटवारखानों में दफन शत्रुसम्पत्ति भी नीलामी में शामिल हो
यह जानकर प्रसन्नता हुई के भारत सरकार अब #शत्रुसम्पत्ति बेच कर ₹ एक लाख करोड़ जुटाने जा रही है
इसके लिए बधाई और धन्यवाद
लेकिन इस विषय मे यह कहना अनुचित नही होगा के तत्कालीन भारत सरकार द्वारा 1947 में भी ऐसी ही कुछ सम्पत्ति का एडजस्टमेंट किया गया था
लाला गोकुलचंद सभलोक पुत्र गुरदित्ता मल निवासी रावलपिंडी/पिंडिगहेब/दंदी के 8 एकड़ खेत की एवज में भारतीय पँजांब के मुबारकपुर में पोनेचार एकड़ जमीन(पानी वाली) एलॉट की गई गौरतलब है के यह भूमि शत्रुसम्पत्ति है
लेकिन दुर्भाग्य से लाला गोकुल चंद और पुत्र हरबनसलाल सभलोक और पौत्र संजय सभलोक स्वर्ग सिधार चुके है मगर उन्हें वह सम्पत्ति नही दी गई
मौजूदाप्रदेश और केंद्र सरकार में भी गुहार(PMOPG/के/2016/0125052) लगाने का कोई परिणाम नजर नही आया
यहां तक के RTI के तहत #पँजांबसरकार
#पँजांबस्टेटइनफार्मेशनकमीशन
#डीसीमोहाली
, #एसडीएमडेराबस्सी,
#तहसीलदारडेराबस्सी
द्वारा भूमि की जानकारी तक नही दी जा रही
1947 में प्राप्त शत्रुसम्पत्ति की लूट को उजागर करता यह एक मात्र उदहारण नही है ऐसे सैंकड़ो पीड़ितों की फरियादें पँजांब के रेवेन्यू डिपार्टमेंट और हाईकोर्ट में दफन हैं
चूंकि दूध का जला फूंक फूंक कर पीता है सो लाला गोकुलचंद जैसों को एलोटटेड मगर नही दी गई सम्पत्ति को भी रिकॉर्ड में लिया जाना जरूरी है
और पटवारखानों में दफन बेशकीमती शत्रुसम्पत्ति भी नीलामी में शामिल हो ताकि उनके सही हकदारों को उनका हक मिल सके

Governor Arif Sought Report From Left Govt For Moving SC :CAA

(Thiruvananthapuram, Kerala)Governor Arif Sought Report From Left Govt For Moving SC :CAA Without Informing Governor
Governor Arif Mohammed Khan has sought a report from the CPI(M) led Left Democratic Front government for moving the Supreme Court against the Citizenship Amendment Act without informing him.
The office of Raj Bhavan sought the report from the state Chief Secretary of the state.
The Governor has been at loggerheads with the government ever since the state assembly passed a resolution last month, seeking to scrap the new law.
Khan had also publicly expressed his displeasure over the government not informing him moving moving the Supreme Court against the CAA.

Madras HC Directed Videographing of DMK’s Rally against CAA

(Chennai,TN)Madras HC Directed Videographing of DMK’s Rally against CAA
DMK’s proposed rally has been denied by local police authorities
A bench of Justices S Vaidyanathan and P T Asha, however, declined to stop the rally, saying a peaceful demonstration cannot be prevented in a democratic country as it was the backbone of the democratic set up.
Petitioners R Varaaki and R Krishnamoorthy sought to restrain the DMK from organising the protest rally, contending that such “unlawful” demonstrations would affect the life of public and can turn violent and cause unrest as in similar rallies in various other places, including Delhi and Uttar Pradesh
The DMK and its alliance parties had last week announced that they will take out a mega rally here on December 23 (Monday) against the Citizenship Amendment Act.