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Category: Jhalli Gallan

ममता बेनर्जी को टंगड़ी मार कर अखाड़े से आउट करने का सपा को पारितोषिक

झल्ले दी गल्लां
एक सपाई
ओये झाल्लेया देखा हसाड़े सबसे युवा मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के बड़े दिमाग का कमाल |ओये केंद्र सरकार ने कर दिया यूं पी को निहाल |यौजना आयोग के मोंटेक सिंह अहलुवालिया ने ५७५ अरब रुपयों की वित्तीय यौजना को हरी झंडी दे दी है ओये अब जनता खुशहाल और सब तरफ खुशहाली ही होगी
झल्ला
बधाई हो जी वाकई हसाड़े सोणे ते मनमोहने पी एम् ने अपना वायदा पूरा कर ही दिया बसपाई सरकार से बचा पैसा आपकी जी की सपा को दे ही दिया राष्ट्रपति के चुनावों में ममता बेनर्जी को टंगड़ी मार कर अखाड़े से आउट करने का पारितोषिक मिल ही गया लेकिन विकास हाथिओं वाली गलती दोहराने के बजाय विकास दर को पंख लगाने होंगे प्रदेश की आमदनी बढानी होगीऔर इस सबके अलावा बिजली भी देनी ही होगीPermalink: http://jamosnews.com/

शिव तुम सत्य हो इसीलिए सुन्दर भी हो|

हे शिव तुम सत्य हो इसीलिए सुन्दर भी हो
मेरे मन मंदिर की तुम पवित्र मूरत भी हो ||
आपकी गंगा या चन्द्रमा की इच्छा नहीं |
गाड पार्टिकल में अभी जागा विशवास नहीं||
हे शिव …..
गंगा तुम्हारी मैली हो रही नहीं कोई हवाल |
गंगा की शक्ति निकालने को बन रहे हैं बाँध||
चाँद तुम्हारा कब्जा कर अमेरिका हुआ निहाल|
मेरे मुल्क का मगर देखो हो रहा है बुरा हाल||
हे शिव……….
क्यूंकि तुम सत्य और सुन्दर भी हो इसीलिए शिव|
तुम्हारे चरणों में मात्र एक तुच्छ निवेदन है||
मुल्क में शान्ति और सुख का साम्राज्य हो |
इसीलिए साल में जलाभिषेक करते दो दो बार||
बुढापे में अब इससे ज्यादा की नहीं रही आस ||
हे शिव………..

ओये झल्लेया दारू वारू शारू का कुछ शौक वौक है ???

झल्ले दी गल्ला
एक मेज़वान
ओये झल्लेया दारू वारू शारू का कुछ शौक वौक है ???
झल्ला
ओ जी अगर ये जाँच है तो बिलकुल नहीं
और अगर नयौता है ते कड वि लो जी
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गावों में बंज़र भूमि पर महात्मा गांधी नरेगा यौजना का हल चल जाए तो ???

झल्ले दी गल्लां
एक कांग्रेसी
ओये झल्लेया देखा हसाड़े सोणे ते मन मोहणे पी एम् दा कमाल ओये महात्मा गांधी नरेगा यौजना से महज़ छह सालों में ही ३७००० करोड़ रुपयों से गावों की काया पलट गई है अब तो गावं में ही मजदूरी मिलने लग गई है|५ करोड़ परिवारों को फायदा हुआ है |१२००० करोड़ रोज़गार कार्ड बन गए है|ओये गावों से पलायन रुक गया है| है ना मुबारक दी गल |
झल्ला
बाऊ जी है तो मुबारक की बात मगर गावों में बंज़र भूमि बहुत है अगर आपजी की इस महात्मा गांधी नरेगा यौजना का हल उस पर चल जाए तो देश में खाद्यन का संकट मिट जाएगा + जी डी पी बढेगी +और निर्यात करके विदेशी मुद्रा भी मिल ही जायेगी| क्यों ठीक है ना ठीक ???Permalink: http://jamosnews.com/

झल्ले दी गल्लां

झल्ले दी गल्ला
एक बुद्धिजीवी
ओये झल्लेया यार बैठे बैठ बोर होगये आओ चेस खेलते हैं
झल्ला
ठीक है सर जी आप चलो में स्पोट्स शूज पहन के आता हूँ

बंज़र पड़ी ग्रामीण भूमि पर भी मनरेगा का हल चलवाओ

खून पसीना एक कर दो मनरेगा को सफल बनाओ
मजदूर का पसीना और सरकारी पैसा खूब बहाओ
भ्रष्टाचार के लिए नहीं बची कोई अब जगह यहाँ
पसीना सूखने से पहले मजदूर को हक़ दिलवाओ
यह बोले हैं अपने मंत्रिओं से प्रधान मंत्री कल
कार्य और भुगतान का अडिट भी तत्काल कराओ
लेकिन झल्ले की हुकुमरानों को निशुल्क है एक सलाह
बंज़र पड़ी ग्रामीण भूमि पर भी मनरेगा का हल चलवाओ

राहुल गांधी जी अब तो पी एम् बन जाओ

राहुल गांधी जी आप कब प्रधान मंत्री बनोगे
पी एम् बन कर कब मेरी नैय्या पर करोगे
तुमने पार किया ४० वां मेरा हो गया दह्योडा
अब हाँ कह कर दोनों का बेडा बन्ने ला दे
बैठे हैं कही घाघ यहाँ कुर्सी के पाए जकडे
मंमोहने बेचारे के दिल और दिमाग उलझाये
मन मोहनी जान है आफत में इसकी जान बचाओ
अब मान जाओ जल्दी से प्रधान मंत्री बन जाओ

क्यूं कर हो गया दुश्मन सारा जहां हमारा

कहते हैं की ग़ालिब का था अंदाजे ब्यान और
मगर हम हैं की किसी दूसरे को नहीं सुनते
कभी दूसरे की आलोचना नहीं कर पायें तो
अपनी तारीफ़ के पुल बांद दे दिया करते हैं
अपनी ढपली अपना राग ये चलन है पुराना
हमने भी इसी सुर में अपना सुर मिलाया
तो क्यूं कर हो गया दुश्मन सारा जहां हमारा