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Tag: SatirePoliticalSatire

केजरीवाल सुरक्षा की नौटंकी छोड़ ,पिटे आईऐएस से माफ़ी भर मांगलें

झल्ले दी झल्लियाँ गल्लां

आप पार्टी चेयर लीडर

औए झल्लेया अब तो हसाड़े सीएम केजरीवाल साहिब ने भी हड़ताली आई ऐ एस अधिकारीयों को सुरक्षा का भरोसा दे दिया अब तो दिल्ली वासिये के लिए इन्हें काम पर लौट आना चाहिए

झल्ला

मी चतुर महाराज ! केजरीवाल सुरक्षा की नौटंकी छोड़ कर पिटे आईऐएस से माफ़ी भर मांगलें
आप तो कहते फिर रहे हो के पुलिस आपके अंडर नहीं है ,ऐसे में कैसे सुरक्षा का भरोसा दे रहे हो|हाँ पिटे आई ऐ एस से केजरीवाल जी माफ़ी भर मांगलें तो सात दिन से चली आ रही नौटंकी समाप्त हो जाएगी

“आप”ने केंद्र के खिलाफ बयानबाजी के लिए किससे सुपारी उठाई

झल्ले दी झल्लियाँ गल्लां

दिल्ली में सत्तारूढ़ आप पार्टी चेयर लीडर

औए झल्लेया ये क्या हो रहा है?औए इस प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) कार्यालय को हमारे सिवा कुछ दिखता है के नहीं?? देख तो केंद्र सरकार की सारी एजेंसियों को हसाड़े खिलाफ लगा रखा है |आये दिन आई ऐ एस+सी बी आई+ईडी +इनकम टैक्स के साथ ही दिल्ली पुलिस को भी हम पर ही छोड़ रखा है|राज्यपाल अनिल बैजल को तो विशेष रूप से हमारे खिलाफ कार्य करने के आदेश दिए गए हैं | ऐसे कैसे चलेगा लोक तंत्र ???

झल्ला

ओ मेरे चतुर शतुरमुर्ग ! आप लोगों ने ही केंद्र के खिलाफ मोर्चा खोला हुआ है|अब तो आप की सरकार ही धरना -धरना खेलने लग गई है |इसीलिए पहले ये बताओ के केंद्र के खिलाफ आये दिन बयानबाजी के लिए आप लोगों ने किस्से सुपारी ली हुई है????

बेचारे पूर्व मुख्यमंत्रियों के लिए वैकल्पिक हॉस्टल की व्यवस्था तो करवा दो

झल्ले दी झल्लियाँ गल्लां

ख्वाहमख़ाह के स्वयं सेवक

औए झल्लेया! मुबारकां! माननीय सुप्रीम कोर्ट ने बेशकीमती सरकारी आवासों में बेवजह रह रहे बेफालतू के नेताओं को आजीवन सरकारी आवास में रहने देने की मनाही कर दी है| अब तो उत्तर प्रदेश के किसी भी काम के नहीं रहे और पूर्व घोषित मुख्य मंत्रियों को सरकारी आवास खाली करने ही होंगे|औए पहले अखिलेश यादव सरकार ने कानून एम् हेराफेरी करके आवास बचा लिए थे लेकिन अब तो उन्हें यह मौका भी नहीं मिलने वाला|मुलायम सिंह यादव+अखिलेश यादव+राजनाथ सिंह+मायावती+कल्याण सिंह +नारायण दत्त तिवारी आदि को दो महीनों के अंदर अंदर सरकारी आवास खाली ही करने होंगे

झल्ला

भापा जी ! इन बेचारे पूर्व मुख्यमंत्रियों के लिए राजधानी में गोमती के किनारे वैकल्पिक हॉस्टल की व्यवस्था तो करवा दो

राहुल जी! संविधान सडकों पर नहीं पार्लियामेंट में ही बचेगा

झल्ले दी झल्लियाँ गल्लां

कांग्रेसी चेयर लीडर

औए झल्लेया अब आएगा मजा|हसाड़े सोने ते होनहार राहुल गाँधी जी आज संविधान बचाओ मुहीम शुरू करने जा रहे हैं |औए अब संविधान हन्ताओं की खेर नहीं | संविधान+ दलितों पर हो रहे हमलों को राष्ट्रीय स्तर पर उठाकर हमने संविधान को नष्ट होने से बचा ही लेना है |अनुसूचित जातियों+अनुसूचित जनजातियों+ अन्य कमजोर तबकों को मिली सामाजिक सुरक्षा को समाप्त करने के चल रहे षड्यंत्र को बेनकाब करदेंगे|आर एस एस की ऐसी की तैसी कर देंगे |

झल्ला

ओ मेरे चतुर सुजान !लोक तंत्र में पार्लियामेंट ही सबसे बढ़ा संविधान होता है और आपलोग उसी को बर्बाद कर रहे हो |बजट सेशन इसका एक्साम्पल है |सो पार्लियामेंट के जरिये ही संविधान बचेगा |सड़कों पर इस प्रकार के अभियान से तो असंवैधानिक संकट ही पैदा होंगे |

भाजपाई कौन से निप्पलों से दूध पीते हैं,लेलेंगे नंगों से पंगा

भाजपाई कौन से निप्पलों से दूध पीते हैं,लेलेंगे नंगों से पंगा

भाजपाई कौन से निप्पलों से दूध पीते हैं,लेलेंगे नंगों से पंगा


झल्ले दी झल्लियाँ गल्लां

भाजपाई चिंतक

औए झल्लेया ये कांग्रेस तो एकदम नंगई पर उतर आई | देख तो हसाड़े डाइनामिक अध्यक्ष अमित शाह और प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधने के लिए सी जे आई दीपक मिश्रा के खिलाफ महाभियोग लेकर आ रहे हैं| पार्लियामेंट में इनके पास पर्याप्त समर्थन नहीं होने के बावजूद ये लोग पुरानी कहावत को चरितार्थ करने पर तुले हुए हैं
“सूत ना कपास,जुलाहों में लट्ठम लट्ठ”

झल्ला

ओ मेरे चतुर सेठ जी ! आप लोग कौन सा निप्पलों से दूध पी रहे हो |लेलो नंगों से पन्गा

अनियंत्रित हाथी तो कुचलता ही है सामने मायावती के समर्थक हों या फिर सैनिक हो हेमू के

झल्ले दी झल्लियाँ गल्लां

भाजपाई चेयर लीडर

झओऐल्लेया ये क्या हो रहा है?ओऐ !मायावती ने अपने समर्थकों को लुभाने के लिए+बहकाने के लिए लखनऊ में रैली आयोजित की और उसमे भगदड़ करवा कर दो निर्दोष समर्थकों की मौत हो गई और अभी तक घायलोंकी संख्या की जानकारी अपेक्षित है |ओऐ!हसाड़े गृह मंत्री ठाकुर राजनाथ सिंह ने त्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक[डीजीपी]जावीद अहमद से रिपोर्ट तलब कर ली है

झल्ला

ओ मेरे भोले सेठ जी !हाथी तो हाथी ही है| अनियंत्रित हाथी तो कुचलता ही है |अब सामने मायावती के समर्थक हों या फिर सैनिक हो हेमू के

लंकाओं का मोह त्यागो बाबा ,जाओ अपने गुजरात

काईयां गुज्जु मोदी उठाया अमेरिकन तीर और चीनी कमान
शानबान से करने चले यूपी में लखनऊ का भी सम्पूर्ण उद्धार
रावणों में मच गई खलबली,दिल्ली -यूपी तक उठी फ़रियाद
हमारी लंकाओं का मोह त्यागो बाबा जाओ अपने गुजरात

नितीश और लालू ने सोनिया का बिहार में कहना माना ,डूबता इनका ये नाखुदा क्या गुल खिलायेगा

नितीश और लालू ने सोनिया का कहना माना
डूबता इनका ये नाखुदा क्या गुल खिलायेगा ?
माइनस +माइनस किताबों में प्लस होते हैं
बिहार के चुनावों में क्या ये जादू हो पायेगा??
कश्तियाँ उनकी क्या किनारे पे उत्तर पाएंगी ???
बिहार में पतवार जिन्होंने कांग्रेस को थमा दी है
वापिसी उनकी बिहार में क्या हो पाएगी ????
नाखुदा जिन्होंने कांग्रेस को बना रखा है

प्रभु”जी ५० स्मार्टसिटी से पहले रेल को दुर्घटनारहित+पर्यावरणरक्षक+सुविधादायक+लाभअर्जक ही बना लो

झल्ले दी झल्लियां गल्लाँ

भाजपाई चीयर लीडर

ओये झालिया मुबारकां ओये हसाडे सोणे नरेंद्र भाई दामोदर मोदी का ट्रिलियन डॉलर्स इंडिया का सपना साकार करने के लिए रेल मंत्रालय ने पहल कर दी है|ओये देश भर में आगामी पांच सालों में रेल लाइन के समीप ५० नए स्मार्ट शहर बनाये जायेंगे और इस दिशा में अग्रणी सिंगापुर को भी लजाया जाएगा|

झल्ला

ओ मेरे सेठ जी बात तो आपकी मुबारकां वाली ही है इससे रेलवेज की फालतू +लावारिस पढ़ी बेशकीमती जमीन ठिकाने लग जाएगी और विदेशी निवेश भी हो जाएगा लेकिन झल्ले की समझ भी तो निराली ही है भोले बादशाहों आप जी के “प्रभु” भारतीय रेल को पांच सालों में दुर्घटनारहित+पर्यावरण रक्षक+सुविधा दायक +लाभ अर्जित बना लो तो ही गनीमत है

कपिल सिब्बल की डी यूं में चार साल के ग्रेजुएशन की घरैड को अब बहुरानी स्मृति ईरानी भुगत रही हैं

झल्ले दी झल्लियां गल्लां

कांग्रेसी चीयर लीडर

ओये झल्लेया ये नई सरकार तो उच्च शिक्षा का भी बेड़ा गर्क करने पर तुल गई है |मानव संसाधन मंत्री स्मृति ईरानी ने यूं जी सी को [स्वायत ] दिल्ली यूनिवर्सिटी से भिड़ा दिया है |
केंद्र सरकार के अधीन यूं जी सी कह रही है कि ग्रेजुएट कोर्स चार साल के बजाय तीन साल का करो|ये तो डी यूं के लिए “करो तो भी मरो और न करो तो भी मरो” वाली स्थिति हो गई| डी यूं अगर यूं जी सी का पालन करके तीन साल का ग्रेजुएशन कोर्स करती है तो पुराने मंत्री कपिल सिब्बल से बुरा बनती है और अगर पालन नहीं करती तो मिलने वाले अनुदान+और डिग्री मान्यता दोनों हाथ से निकल सकते हैं|

झल्ला

ओ मेरे चतुर सुजाण जी पुरानी कहावत है कि “बिच्छू के काटे का मंतर आता नहीं चले हैं सांप के बिल में हाथ देने” अरे अपने देश में चालू तीन वर्षीय शिक्षा नीति का सही तरह से पालन कराने के बजाय विदेशी तर्ज पर चार साल का ग्रेजुएशन कोर्स करा डाला और चौथे साल के कोर्स को तैयार करने की कुछ तैयारी भी की नहीं |इसीलिए छात्रों ने भी बगावत की हुई है | आप जी की सरकार तो एक चतुर सास की तरह घरैड डाल कर निकल गई और ५०००० से ज्यादा छात्रों को एक साल के अप्रभावी कोर्स के लिए एक्स्ट्रा एक साल गवाना पड़ रहा है और खर्चा भुगतना पड़ रहा है |बेचारी नई नई बहुरानी स्मृति ईरानी को इस तीन और चार साल के गणित के सवाल हल करने के लिए माथा पच्ची करनी पड़ेगी | वैसे झल्ले विचारानुसार यह पहली बार नहीं हुआ है यूं पी टी यूं ने दशक पररव तीन साल का होटल मैनेजमेंट डिप्लोमा शुरू कराया था उस समय कहा गया था कि यह डिप्लोमा ग्रेजुएशन के समान है लेकिन कोर्स पूरा होते ही सभी कुछ बदल गया अब वह तीन साल का डिप्लोमा केवल डिप्लोमा ही है और सैकड़ों छात्र अपनी किस्मत को रो रहे हैं |

फैसले से 64,000 छात्र प्रभावित होंगे।